मुशायरा::: नॉन-स्टॉप

Thursday, April 5, 2012

आदम-मनु हैं एक, बाप अपना भी कह ले -रविकर फैजाबादी

रविकर फैजाबादी has left a new comment on your post "मां बाप का आदर करना सीखिए Manu means Adam":

पुरखों के सम्मान से, जुडी हुई हर चीज ।

अति-पावन है पूज्य है, मानवता का बीज ।

मानवता का बीज, उड़ाना हँसी ना पगले ।

करे अगर यह कर्म, हँसेंगे मानव अगले ।

पढो लिखो इतिहास, पाँच शतकों के पहले ।

आदम-मनु हैं एक, बाप अपना भी कह ले ।।

2 comments:

रविकर फैजाबादी said...

आस्था के साथ छेड़छाड़ एक खतरनाक परम्परा है |
बेहद सावधान रहने की जरुरत है --
होश कायम रखना बहुत जरुरी है |
सादर

sangita said...

sarthak marmik post .